Wednesday, February 22, 2012

tourism in bilaspur2 300x225 पिछले एक दशक में बिलासपुर जिले में पर्यटन सुविधाओं का विस्तारराज्य निर्माण के विगत एक दशक में छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए काफी महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं। राज्य की न्यायधानी के नाम से प्रसिध्द इस जिले में सैलानियों के देखने के लिए बहुत कुछ है। पर्यटन सुविधाओं के विकास साथ ही जिले के विकास में तेजी आयी है। जिले के अनेक पुरातात्विक धार्मिक और प्राकृतिक स्थल जो उपेक्षित से थे, उनके पुनरूद्वार की ओर ध्यान दिया गया  और पर्यटन के अनुकूल विकास कार्य किए गए है।

पर्यटन के दृष्टि से देखे तो सर्वप्रथम ताला पर ध्यान जाता है। रूद्र शिव प्रतिमा, देवरानी जेठानी मंदिर के इस प्रसिध्द पुरातात्विक स्थल के विकास के लिए विभिन्न योजनाओं के तहत राशि मंजूर कीtourism in bilaspur1 300x222 पिछले एक दशक में बिलासपुर जिले में पर्यटन सुविधाओं का विस्तार गई। सड़क पेयजल एवं छाया दार स्थलों का निर्माण, आसपास के स्थल पर आकर्षक उद्यान, फव्वारे, समीप ही बहने वाली मनियारी नदी पर एनीकट बनाकर पानी को रोकने और उसमें नौकायन की सुविधा उपलब्ध कराई गई। सिंचाई विभाग द्वारा 30 लाख की लागत से उद्यान तथा एक करोड़ की लागत से मनियारी नदी के दोनों ओर 150-150 मीटर घाट निर्माण हेतु एक करोड़ व्यय किये गये। तथा 117 लाख की लागत से मनियारी नदी पर ताला एनीकट बनाया गया। आसपास के मंदिरों के जीर्णोद्वार के कार्य किये गये। ताला पहुंच मार्ग के दोनों ओर वृक्षारोपण कर हरियाली लाने का प्रयास किया गया। ताला से कुछ दूरी पर प्रसिध्द ऐतिहासिक स्थल मदकुद्वीप स्थित है। जहां प्रतिवर्ष मसीही मेला का आयोजन किया जाता है। द्वीप तीन ओर से शिवनाथ नदी और मनियारी नदी के संगम से घिरा हुआ है। वन विभाग द्वारा द्वीप में स्थित प्राचीनतम शिव मंदिरों का जीर्णोद्वार  कराया गया है। विश्राम गृह का निर्माण तथा हरियाली के लिए वृक्षारोपण किये गये है। द्वीप के चारों ओर एक करोड़ की लागत से पीचिंग कर नदी के कटाव को रोका गया। द्वीप के समीप शिवनाथ नदी पर 15 करोड़ की लागत से एनीकट का निर्माण प्रगति पर है। साथ ही नदी के दोनों ओर 50-50 मीटर तक घाट निर्माण किया गया है।

जिले के प्रसिध्द धार्मिक स्थल रतनपुर के विकास के लिए चरणबध्द रूप से कार्य किया जा रहा है। प्राचीन नगरी और हैहय वंशीय राजाओं की राजधानी रतनपुर में पुरासंपदा यत्रतत्र बिखरे पड़े हुए है जिनके संरक्षण और संवर्धन के लिए कार्य किया जा रहा है। वन विभाग द्वारा यहां के प्रसिध्द लखनीदेवी मंदिर के सौंदर्यीकरण, सीमेंट कांक्रीट करण रोड, चबूतरा, मंदिर परिसर व सीढ़ियों में शेड निर्माण, उद्यान, पेयजल, शौचालय के कार्य कराये गये । लखनीदेवी से बादल महल, बैरागवन से महामाया मंदिर, रामटेकरी तक सर्कुलर रोड का निर्माण कराया जा रहा है। जहां एक स्थान से शुरू कर यात्री चारों स्थलों का भ्रमण एक ही सड़क पर चलते हुए कर सकेंगे। तालाबों की नगरी रतनपुर में लगभग 100 छोटे-बड़े तालाब है जिनमें बड़े तालाबों के सौंदर्यींकरण के लिए योजनाएं बनाई गई है। गिरजावन के बिकमा तालाब जो 53 एकड़ क्षेत्र में फैला है वहां मेड़, घाटो का मरम्मत, नये घाट निर्माण, वाटर स्पोर्टस, म्यूजिकल फाउटेन, बाल उद्यान, कैफेटेरिया आदि योजना पर कार्य चल रहा है। डिंडेश्वरी देवी की ऐतिहासिक व धार्मिक, पुरातात्विक स्थलीय मल्हार में भी सौदर्यीकरण एवं विकास के लिए लगभग एक करोड़ के कार्य चल रहे है। अंग्रेजों द्वारा 70 से 80 वर्ष पूर्व निर्मित खुड़िया व खूटांघाट को भी पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया गया । यहां विश्रामगृह, उद्यान, सड़क निर्माण कार्य, पूर्ण कर लिया गया है।

tourism in bilaspur 300x222 पिछले एक दशक में बिलासपुर जिले में पर्यटन सुविधाओं का विस्तारअचानकमार अभ्यारण जिले को एक खास पहचान दिलाता है जहां शेरों की बहुलता है। यहां पाये जाने वाले शेरों के संरक्षण के लिए इसे 14वां टाईगर रिर्जव क्षेत्र घोषित किया गया है। जिले के उत्तरपश्चिम एवं सतपुड़ा के मैकलहिल के पूर्वी भाग में स्थित यह अभ्यारण लहरदार पहाड़ियों से घिरा हुआ है। यहां की जैव विविधता एवं सांस्कृतिक विरासत के कारण यह अचानकमार-अमरकंटक बॉयों स्फीयर रिजर्व कोर क्षेत्र भी है। कोर ऐरिया का गांवों का विस्थापन कार्य चल रहा है। बैगा बाहुल्य इस क्षेत्र में बैगा परिपथ केन्द्रीय निर्माण योजना के तहत टंगड़ी पठार, कबीर चबूतरा, तथा ऑरापानी में पर्यटन सुविधाओं के लिए रिसोर्ट निर्माण कार्य प्रगति पर है। अमरकंटक से लगे राजमेरगढ़ पहाड़ियों से लेकर पेण्ड्रा तक के क्षेत्र में इको पर्यटन स्थल  विकसित करने की योजना पर कार्य जारी है। पहाड़ी स्थल राजमेरगढ़, आमाडोब, धरममुड़ा  छपरवा में पर्यटक कुटीरो का निर्माण वन विभाग द्वारा किया गया है। जहां ठहरकर यात्री प्राकृतिक विषयों का आनंद ले सकते है। अमरकंटक के समीप जिले की सीमा में स्थित जलेश्वर धाम का जीर्णोद्वार एवं सौंदर्यीकरण का कार्य किया गया है। जहां प्रतिवर्ष हजारों श्रध्दालु विभिन्न नदियों का जल चढ़ाने आते है।

जिला मुख्यालय बिलासपुर से लगभग 15 किमी की दूरी पर कानन पेण्डारी उद्यान स्थित है। जिसे केन्द्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण नई दिल्ली द्वारा वर्ष 2005 में चिड़ियाघर का दर्जा दिया गया था। 106 हेक्टेयर क्षेत्र में फैले कानन पेण्डारी में शेर, तेन्दुआ एवं भालू के लिए प्राधिकरण के निर्धारित मापदण्डों के अनुसार सेल व इनक्लोजर बनाया गया है। चिड़ियाघर में मनोरम उद्यान, बच्चों के लिए पार्क, झूले, टॉय ट्रेन आदि की व्यवस्था है। वृध्दजनों एवं नि:शक्तों की सुविधा के लिए बैटरीचलित वाहन की व्यवस्था की गई है।

बिलासपुर में पर्यटन की दृष्टि से किये जा रहे इन विकास कार्यों के द्वारा निश्चित ही जिला पर्यटन के लिए विशेष रूप से जाना जायेगा।

radhika water park bilaspur  पिछले एक दशक में बिलासपुर जिले में पर्यटन सुविधाओं का विस्तार

Students Cultural progeame organized by School Education Departmen 300x198 स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा छात्र छात्राओं का सांस्कृतिक कार्यक्रमStudents Cultural progeame organized by School Education Department 300x198 स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा छात्र छात्राओं का सांस्कृतिक कार्यक्रम

राज्योत्सव २०१० में आज शाम स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा प्रदेश के दूरस्थ अंचलों गीदम बचेली जशपुर क्षेत्र से आये छात्र छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया वहीं इन बच्चों ने मुख्यमंत्री से सीधे सवाल जवाब भी किया गया डा. रमन सिंह ने इस बिच बच्चों से कहा की यदि कोई बस्तर से आया है तो वह लोकगीत सुनाये. कार्यक्रम के अंत में श्री सिंह के आग्रह पर उपस्थित छात्रों ने हम होंगे कामयाब गीत गाया.

stalls reviewed by Tourism and Culture Minister Brij Mohan Agrawal 300x198 पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल द्वारा स्टालों का अवलोकन

प्रदेश के लोकनिर्माण, स्कूल शिक्षा, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने आज शाम राज्योत्सव २०१० में विभिन्न विभागों द्वारा लगाये गए स्टालों का अवलोकन किया इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री अमर अग्रवाल आदम जाती कल्याण मंत्री केदार कश्यप भी उपस्थित थे.

Commonwealth members visited world renowned tourist destination Sirpur 300x198 राष्ट्रकुल देशों के संसदीय प्रतिनिधियों एवं सचिवों को सिरपुर का भ्रमण पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने करवायाCommonwealth members visited world renowned tourist destination Sirpur1 300x198 राष्ट्रकुल देशों के संसदीय प्रतिनिधियों एवं सचिवों को सिरपुर का भ्रमण पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने करवायाCommonwealth members visited world renowned tourist destination Sirpur2 300x198 राष्ट्रकुल देशों के संसदीय प्रतिनिधियों एवं सचिवों को सिरपुर का भ्रमण पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने करवायाCommonwealth members visited world renowned tourist destination Sirpur3 300x198 राष्ट्रकुल देशों के संसदीय प्रतिनिधियों एवं सचिवों को सिरपुर का भ्रमण पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने करवायाCommonwealth members visited world renowned tourist destination Sirpur4 300x198 राष्ट्रकुल देशों के संसदीय प्रतिनिधियों एवं सचिवों को सिरपुर का भ्रमण पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने करवाया

राष्ट्रकुल देशों के संसदीय सम्मलेन में भाग लेने छत्तीसगढ़ प्रवास पर आये प्रतिनिधियों एवं सचिवों को प्रदेश की संस्कृति  व पर्यटन स्थलों से परिचित  कराने के लिए विश्व विख्यात पर्यटन स्थल सिरपुर का भ्रमण प्रदेश के लोकनिर्माण, स्कूल शिक्षा, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने करवाया इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष धर्मलाल कौशिक भी उपस्थित थे.

 देश के सुप्रसिद्ध गायक के.के. का सम्मान करते हुए प्रदेश के संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल.

brijmohan honouring famous singer kk 300x198 देश के सुप्रसिद्ध गायक के.के. का सम्मान करते हुए प्रदेश के संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल.

singer kk singing at rajyotsav1 300x198 देश के सुप्रसिद्ध गायक के.के. का सम्मान करते हुए प्रदेश के संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल.

singer kk singing at rajyotsav 198x300 देश के सुप्रसिद्ध गायक के.के. का सम्मान करते हुए प्रदेश के संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल.

राज्योत्सव २०१० में देश के सुप्रसिद्ध गायक के.के. का शाल, श्रीफल और स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मान करते हुए प्रदेश के संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल.

 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)राज्योत्सव 2010 का शुभारंभ


rajyotsav inauguration 300x138 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)

salman khan with brijmohan 182x300 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)salman khan in rajyotsav 300x199 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)salman khan in rajyotsav1 198x300 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)salman khan in rajyotsav2 198x300 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)salman khan with raman singh 300x202 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)shweta pandit in rajyotsav 300x198 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)shweta pandit in rajyotsav1 300x198 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)shweta pandit in rajyotsav2 300x198 राज्योत्सव का रंगारंग शुभारंभ (झलकियां)

Commonwealth conference in Raipur1 300x199 राष्ट्रकुल संसदीय सम्मलेन के अवसर पर लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार का स्वागत करते हुए श्री अग्रवालCommonwealth conference in Raipur 300x199 राष्ट्रकुल संसदीय सम्मलेन के अवसर पर लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार का स्वागत करते हुए श्री अग्रवालCommonwealth conference in Raipur2 300x199 राष्ट्रकुल संसदीय सम्मलेन के अवसर पर लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार का स्वागत करते हुए श्री अग्रवाल


राष्ट्रकुल संसदीय सम्मलेन के अवसर पर छत्तीसगढ़  विधानसभा परिसर में आयोजित  “छत्तीसगढ़ एक दशक: सिंहावलोकन” छाया चित्र प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार, विधानसभा अध्यक्ष धर्मलालकौशिक, प्रदेश के लोकनिर्माण, स्कूल शिक्षका एवं संसदीय कार्य मंत्री बृजमोहन अग्रवाल.

1288019912image large 300x138 राज्योत्सव के उद्धाटन समारोह के लिए समुचित व्यवस्था करने के निर्देश , लोक निर्माण मंत्री श्री अग्रवाल ने तैयारियों का अवलोकन कियारायपुर, 25 अक्टूबर 2010। लोक निर्माण मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कल 26 अक्टूबर की शाम स्थानीय साइंस कॉलेज मैदान में आयोजित राज्योत्सव 2010 के उद्धाटन समारोह के लिए समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।

श्री अग्रवाल ने आज शाम साइंस कॉलेज मैदान पहुंचकर राज्योत्सव की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने उद्धाटन समारोह के लिए निर्मित मुख्य मंच और मुख्य सांस्कृतिक मंच पर की गई व्यवस्थाओं का अवलोकन किया और वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक लेकर उन्हें जरूरी निर्देश दिए। इस अवसर पर प्रमुख सचिव लोक निर्माण विभाग श्री एम.के. राउत, पुलिस महानिरीक्षक रायपुर श्री मुकेश गुप्ता, सचिव पर्यटन एवं संस्कृति सुब्रत साहू, आयुक्त संस्कृति एवं पुरातत्व श्री राजीव श्रीवास्तव, कलेक्टर रायपुर श्री रोहित यादव, पुलिस अधीक्षक रायपुर श्री दीपांशु काबरा सहित अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

लोक निर्माण मंत्री श्री अग्रवाल ने उद्धाटन समारोह के लिए तैयार मंच का अवलोकन किया और उद्धाटन समारोह में अतिविशिष्ट अतिथियों के आगमन के लिए की गई तैयारियों की जानकारी ली। उद्धाटन समारोह के बाद बाजू में ही बनाए गए मुख्य सांस्कृतिक मंच पर सांस्कृतिक संध्या का कार्यक्रम आयोजित किया गया है। श्री अग्रवाल ने उद्धाटन समारोह और सांस्कृतिक संध्या कार्यक्रम में अतिविशिष्ट अतिथियों, विशिष्ट अतिथियों, मीडिया प्रतिनिधियों और आम दर्शकों की बैठक व्यवस्था की जानकारी भी ली। उन्होंने कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने के लिए बनाए गए प्रवेश द्वार, बेरिकेटिंग तथा प्रकाश व्यवस्था का अवलोकन किया।

Culture Minister Maina Bharti Agarwal paid homage to maina bharati  300x138 संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल ने स्वर्गीय स्वामी मैना भारती को श्रध्दांजलि दी रायपुर 23 अक्टूबर 2010। संस्कृति मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल आज यहां प्रसिध्द कबीर भजन गायक भारती बंधुओं के वीरभद्र नगर स्थित निवास पहुंचकर उनके पिता स्वर्गीय स्वामी विद्याधर मैना भारती के दशगात्र कार्यक्रम में शामिल हुए। उन्होंने स्वर्गीय श्री मैना भारती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर अपनी श्रध्दांजलि दी और उनके शोक संतप्त परिवारजनों को सांत्वना दी।

संसदीय कार्य एवं संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल ने तैयारियों का जायजा लिया

Commonwealth Parliamentary Representative  300x161 राष्ट्रकुल संसदीय सम्मेलन 25 अक्टूबर से :प्रतिनिधियों का दल सिरपुर और पुरखौती मुक्तांगन का भ्रमण करेगारायपुर 22 अक्टूबर 2010। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में इस माह की 25 से 29 तारीख तक आयोजित राष्ट्रकुल संसदीय सम्मेलन में देश-विदेश से आने वाले प्रतिनिधि प्रदेश के प्रमुख पुरातात्चिक स्थल सिरपुर तथा पुरखौती मुक्तांगन का भ्रमण भी करेंगे। इन प्रतिनिधियों का दल 28 अक्टूबर को सुबह सिरपुर भ्रमण पर जाएगा। प्रतिनिधियों को सिरपुर में छत्तीसगढ़ की पुरासंपदा देखने को मिलेगी। यह दल 28 अक्टूबर की शाम को पुरखौती मुक्तांगन जाएगा, जहां छत्तीसगढ़ की कला, संस्कृति, पुरातत्व, शिल्पकला देखने का अवसर प्रतिनिधियों को मिलेगा।

पर्यटन, संस्कृति एवं संसदीय कार्य मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कल गुरूवार को सिरपुर में तथा आज शाम पुरखौती मुक्तांगन में राष्ट्रकुल संसदीय सम्मेलन के प्रतिनिधियों के भ्रमण के परिप्रेक्ष में की जा रही तैयारियों का जायजा लिया। श्री अग्रवाल ने सिरपुर में विभिन्न व्यवस्थाओं के संबंध में अधिकारियों की बैठक लेकर उन्हें जरूरी निर्देश दिए।

श्री अग्रवाल ने बताया कि आगामी 25 से 29 अक्टूबर तक राजधानी रायपुर में चौथा भारत एवं एशिया क्षेत्र राष्ट्रकुल संसदीय सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इसमें राष्ट्रकुल संगठन के एशिया क्षेत्र से भारत की लोकसभा के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष सहित इस क्षेत्र से जुड़े अन्य देशों के प्रतिनिधि और भारत के सभी राज्योें की विधानसभाओं के अध्यक्ष एवं सचिव भाग लेंगे।सम्मेलन के प्रतिनिधियों का दल आगामी 28 अक्टूबर को सिरपुर पहुंचेगा।

संसदीय कार्य मंत्री श्री अग्रवाल ने सिरपुर में जिला प्रशासन महासमुंद के अधिकारियों को देश-विदेश के प्रतिनिधियों के भ्रमण के संदर्भ में सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सिरपुर में पुरातत्व उत्खनन स्थल सहित अन्य पर्यटन स्थलों की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाए। श्री अग्रवाल ने राष्ट्रीय राजमार्ग से सिरपुर तक साईन बोर्ड लगाने के लिए भी अधिकारियों को निर्देशित किया। प्रतिनिधि मंडल को नृत्य नाटिका के माध्यम से सिरपुर के इतिहास और यहां की पुरातात्विक धरोहर की जानकारी दी जाएगी। श्री अग्रवाल ने आज शाम को पुरखौती मुक्तांगन में चल रही तैयारियों का अवलोकन किया।

श्री अग्रवाल ने वहां पर माड़िया पथ, पाथ-वे, बैगा चौक, देवगुड़ी, छत्तीसगढ़ हाट, आभूषण पार्क, छत्तीस खम्भा चौक, जल पृष्ठीय रंगमंच, जनजातीय पारंपरिक शेड, मनोरंजक उद्यानगृह, शिल्प कार्यशाला स्थल आदि का निरीक्षण किया। उन्होंने पुरखौती मुक्तांगन परिसर की विशेष साज-सज्जा करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। परिसर में 50 हट्स (झोपड़ी) बनाने और समुचित लाईटिंग करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए। राष्ट्रकुल संसदीय सम्मेलन के प्रतिनिधियों को पुरखौती मुक्तांगन में छत्तीसगढ़ के वैभवशाली इतिहास और छत्तीसगढ़ की जीवनदायिनी महानदी की गाथा पर आधारित नृत्य-नाटिका दिखायी जाएगी।

brijmohan inspecting rajyotsav ground1 300x199 बृजमोहन ने राज्योत्सव की तैयारियों का अवलोकन कियावाटर फाल होगा मुख्य सांस्कृतिक मंच का आकर्षण

संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल ने राज्योत्सव की तैयारियां देखीं रायपुर 20 अक्टूबर 2010। छत्तीसगढ़ के दसवें राज्योत्सव के मुख्य सांस्कृतिक मंच के पीछे भव्य वाटर फाल बनाया जाएगा। राज्योत्सव के दौरान शाम को मुख्य मंच पर आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों के दौरान वाटरफाल पर रंगीन रौशनी की जाएगी। इससे वाटरफाल का रंगीन और खूबसूरत दृश्य दिखाई देगा।

पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने आज साईंस कालेज मैदान में राज्योत्सव 2010 की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने राज्योत्सव के उद्धाटन समारोह, पुरस्कार वितरण और समापन समारोह के लिए तैयार किए जा रहे मुख्य मंच, मुख्य सांस्कृतिक मंच, शिल्प ग्राम, फूड जोन और शासकीय विभागों के स्टालों का भी अवलोकन किया।

श्री अग्रवाल ने अधिकारियों से राज्योत्सव स्थल पर विद्युत, पेयजल, सुरक्षा व्यवस्था के लिए की जा रही तैयारियों की विशेष तौर पर जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष राज्योत्सव के सांस्कृतिक मंच का मुख्य आकर्षण वाटरफाल होगा। मंच के पीछे की ओर वाटरफाल बनाने का कार्य तेजी से चल रहा है।

संस्कृति मंत्री श्री अग्रवाल ने मुख्य कार्यक्रम मंच और मुख्य सांस्कृतिक मंच के सामने बनाए जा रहे अति विशिष्ठ जनों, विशिष्ठ जनों और आम दर्शकों के सेक्टरों में सुरक्षा व्यवस्था के लिए मजबूत बेरिकेटिंग करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि इस वर्ष सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला में राष्ट्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के कलाकार अपनी प्रस्तुति देने आ रहे हैं। इस दृष्टि से दर्शकों की बैठक और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।

श्री अग्रवाल ने शिल्पग्राम और फूड जोन सेक्टर का अवलोकन भी किया। उbrijmohan inspecting rajyotsav ground 300x192 बृजमोहन ने राज्योत्सव की तैयारियों का अवलोकन कियान्होंने राज्य शासन के विभागों को आबंटित स्टॉलों में पहुंचकर दस साल में हुई छत्तीसगढ़ के विकास को दर्शाने के लिए की जा रही तैयारियों का भी जायजा लिया। इस अवसर पर पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव श्री सुब्रत साहू, आयुक्त संस्कृति एवं पुरातत्व श्री राजीव श्रीवास्तव, छत्तीसगढ़ राज्य औद्योगिक विकास निगम के प्रबंध संचालक श्री देवेन्द्र सिंह, कलेक्टर रायपुर डॉ. रोहित यादव, नगर निगम रायपुर के आयुक्त श्री ओम प्रकाश चौधरी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

brijmohan hoasting flag 300x149 मुदर्रिसों (शिक्षको) को शिक्षा मंत्री ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया रायपुर, 19 अक्टूबर 2010/आधुनिक शिक्षा प्रशिक्षण हेतु राजीव गांधी शिक्षा मिशन तथा छ.ग. मदरसा बोर्ड के संयुक्त तत्वाधान में प्रदेश भर से आए 100 मुदर्रिसों (शिक्षको) को शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने अपने आवास से हरी झंडी दिखाकर बरेली, उ.प्र. के लिए रवाना किया । इस अवसर पर हज कमेटी के अध्यक्ष डाॅ. सलीम राज, भाजपा अल्पसंख्यक के जिला अध्यक्ष युनुस कुरैशी सहित मदरसा बोर्ड एवं समाज के गणमान्य सदस्य उपस्थित थे ।

brijmohan with teachers 300x164 मुदर्रिसों (शिक्षको) को शिक्षा मंत्री ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया

 स्कूलों में दशहरा दीपावली अवकाश कल से शुरू :अशासकीय स्कूलों पर भी लागू होगा आदेश छत्तीसगढ़ के स्कूलों में दशहरा-दीपावली के अवसर पर शनिवार 16 अक्टूबर से 24 दिन की छुट्टी शुरू हो रही है। शुक्रवार 15 अक्टूबर को स्थानीय अवकाश घोषित किए जाने के कारण स्कूलों में 15 अक्टूबर से ही अवकाश शुरू हो जाएगा। दशहरा-दीपावली अवकाश 8 नवम्बर तक चलेगा। सरकारी स्कूलों के साथ-साथ अनुदान प्राप्त और गैर अनुदान प्राप्त स्कूलों में भी इसी प्रकार अवकाश रहेगा।
उल्लेखनीय है कि राज्य शासन द्वारा इस साल स्कूलों के लिए दशहरा-दीपावली, शीतकालीन और ग्रीष्मकालीन अवकाश की घोषणा पिछले माह ही कर दी गई थी। इस संबंध में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा यहां मंत्रालय से आदेश जारी किया गया है। यह आदेश सरकारी स्कूलों के साथ-साथ सभी अनुदान प्राप्त और गैर अनुदान प्राप्त अशासकीय स्कूलों में भी लागू होगा। इस आदेश के अनुसार राज्य सरकार ने वर्तमान शिक्षा सत्र के दौरान स्कूलों में दशहरा-दीपावली अवकाश 16 अक्टूबर से 8 नवम्बर तक घोषित किया है। इसी प्रकार 24 दिसम्बर से 30 दिसम्बर तक शीतकालीन अवकाश और एक मई 2011 से 15 जून 2011 तक ग्रीष्मकालीन अवकाश की घोषणा की गयी है।

 स्कूलों में दशहरा दीपावली अवकाश कल से शुरू :अशासकीय स्कूलों पर भी लागू होगा आदेश

brijmohan agrawal in a seminar 300x201 छत्तीसगढ़ को वर्ष 2020 तक पूर्ण साक्षर राज्य बनाने का लक्ष्य स्कूल शिक्षा मंत्री श्री अग्रवाल

स्कूल शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि स्कूलों में बच्चों की सुविधा की दृष्टि से शिक्षण-प्रशिक्षण के तरीकों को अधिक रोचक बनाने की जरूरत है। रोचक तरीके से अध्यापन कराने से कठिन से कठिन पाठों को बच्चे आसानी से समझ सकते हैं।उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को वर्ष 2015 तक केरल राज्य के समकक्ष साक्षर तथा वर्ष 2020 तक पूर्ण साक्षर राज्य बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को प्राप्त करने शिक्षकों को पूरी जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करना होगा।

श्री अग्रवाल कल देर रात्रि यहां राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान द्वारा आयोजित डाईट के प्राचार्यो और शिक्षकों के दो दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यक्रम के समापन अवसर पर संबोधित कर रहे थे।
स्कूल शिक्षा मंत्री ने अपने उद्बोधन में षिक्षकों को प्रशिक्षित करने में जिला षिक्षण एवं प्रषिक्षण संस्थानों (डाइट) की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाष डाला डालते हुए कहा कि आज बच्चों में देष, राज्य एवं समाज के प्रति सम्मान की भावना विकसित करने की आवष्यकता है। उन्होंने प्रदेश के विद्यालयों में योग, ध्यान,पर्यावरण की षिक्षा, महापुरूषों की जीवनी, छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत, पर्यटन आदि विषयों को अनिवार्य रूप से प्रथम कालखण्ड में शामिल कराने की मंशा जाहिर की।

श्री अग्रवाल ने कहा कि देश के अनेक राज्यों की तुलना में छत्तीसगढ़ में शिक्षा की गुणवत्ता बेहतर है फिर भी इसमें और अधिक गुणवत्ता लाने की जरूरत है। इसके लिए  सामूहिक प्रयास करना होगा।  उन्होंने बच्चों के साप्ताहिक मूल्यांकन का सुझाव दिया और कहा कि आज स्कूली पाठयक्रमों में निरंतर बदलाव हो रहे हैं, ऐसे में शिक्षकों को भी अपग्रेड होना चाहिए। शिक्षक स्वत: अपना मूल्यांकन करें।

राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रषिक्षण परिषद् के संचालक श्री सुधीर अग्रवाल ने उन्मुखीकरण कार्यक्रम आयोजित करने के उद्देश्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने सर्वषिक्षा अभियान के तहत अभी तक संचालित 12 संयुक्त समीक्षा मिषन (जे.आर.एम.) की प्रमुख अनुसंशाओं की जानकारी दी। उन्मुखीकरण कार्यक्रम में प्रमुख रूप से षिक्षा का अधिकार अधिनियम 29-2(एच) के संदर्भ में सतत् एवं व्यापक मूल्यांकन, कक्षा गुणवत्ता में उन्नयन, एडेप्ट्स, शाला सुधार योजना, आदर्ष कक्षा षिक्षण अधिगम, डाइट के संबंध में राष्ट्रीय स्तर पर अनुभव ,डाइट के माध्यम से किए गए विभिन्न शोध,डाइट मे शोध के विषय और समूह कार्य के मनोविज्ञान आदि विषयों पर चर्चा हुई।

मुख्यमंत्री के सचिव श्री के. सुब्रहमणियम ने ”कार्यक्षेत्र में उच्चतम मूल्य एवं स्वप्रेरणा की भूमिका” विषय पर अपने विचार व्यक्त किए।

brijmohan at rajyotsav  150x150 लोक निर्माण मंत्री श्री अग्रवाल ने राज्योत्सव की तैयारियों का जायजा लियालोक निर्माण मंत्री श्री अग्रवाल ने राज्योत्सव की तैयारियों का जायजा लिया तथा सभी जरूरी तैयारियां समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश रायपुर, 09 अक्टूबर 2010 पर्यटन, संस्कृति तथा लोक निर्माण मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने यहां साइंस कॉलेज मैदान पर 26 अक्टूबर से शुरू हो रहे राज्योत्सव की तैयारियों का आज शाम जायजा लिया।

श्री अग्रवाल ने राज्योत्सव मेला स्थल, फुड जोन, शिल्प ग्राम, फन जोन के अलावा उद्धाटन और समापन समारोह तथा सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए तैयार किए जा रहे मंचों का अवलोकन भी किया।

इस अवसर पर पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव श्री सुब्रत साहू, पुलिस अधीक्षक रायपुर श्री दीपांशु काबरा, रायपुर नगर निगम के आयुक्त श्री ओम प्रकाश चौधरी सहित राज्योत्सव की तैयारियों से जुड़े विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

लोक निर्माण मंत्री श्री अग्रवाल ने अधिकारियों से पूरा मेला स्थल के लिए प्रस्तावित पेयजल व्यवस्था, सुरक्षा, विद्युत, साफ-सफाई और पार्किंग व्यवस्था की जानकारी ली। उन्होंने सर्व प्रथम उद्धाटन समारोह, पुरस्कार वितरण और समापन समारोह के लिए बनाए जा रहे मुख्य मंच का अवलोकन किया। इसके बाद प्रमुख सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए प्रस्तावित मंच स्थल का निरीक्षण भी किया।

लोक निर्माण मंत्री ने मुख्य सांस्कृतिक मंच के सामने व्ही.आई.पी. सेक्टर को पिछले सालों की अपेक्षा अधिक बड़े आकार में बनाने के निर्देश दिए। श्री अग्रवाल ने मुख्य मेला स्थल पर विशिष्ट व्यक्तियों के प्रवेश के लिए पृथक से प्रवेश द्वार बनाने और पार्किंग के लिए एन.आई.टी. मैदान, साइंस कॉलेज मैदान और संस्कृत महाविद्यालय मैदान के समतलीकरण के निर्देश दिए। लोक निर्माण विभाग तथा नगर निगम रायपुर के अधिकारियों को राज्योत्सव मेला स्थल की ओर आने वाले सभी मार्गो की मरम्मत के लिए की जा रही तैयारियों की जानकारी ली और समय-सीमा में मरम्मत कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।

श्री अग्रवाल ने अधिकारियों को निर्धारित पार्किंग स्थलों और मुख्य मेला स्थल पर समुचित संख्या में दाल-भात केन्द्र प्रारंभ करने के लिए सभी जरूरी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को पेयजल व्यवस्था के समुचित प्रबंध करने के निर्देश दिए गए। नगर निगम रायपुर के अधिकारियों से राज्योत्सव स्थल की साफ-सफाई के लिए किए जा रहे प्रबंधों के संबंध में पूछताछ की।

श्री अग्रवाल ने मुख्य मंच के सामने दर्शकों के लिए बनाए जाने वाले सभी सेक्टरों में प्रवेश के लिए अलग-अलग प्रवेश द्वार बनाने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया। श्री अग्रवाल ने स्थल निरीक्षण के बाद अधिकारियों की बैठक में कहा कि राज्य स्थापना के दस वर्ष पूर्ण होने पर इस वर्ष राज्योत्सव का आयोजन अधिक भव्य और व्यापक रूप से किया जाना है। सभी विभागों की ओर से इसके लिए जरूरी तैयारियां निर्धारित समय पर पूर्ण हो जाना चाहिए। पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के स्टॉल में स्कूली बच्चों की होगी क्विज प्रतियोगिता|

श्री अग्रवाल ने इसके पहले अपने शंकर नगर स्थित निवास पर पर्यटन और संस्कृति विभाग के अधिकारियों की बैठक लेकर राज्योत्सव के दौरान सात दिन होने वाले आयोजित किए जा रहे सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बारे में जानकारी ली और जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने पर्यटन और संस्कृति विभाग का स्टॉल संयुक्त रूप से लगाने के निर्देश दिए और कहा कि स्टॉल में छत्तीसगढ़ की पुरा संपदा के साथ-साथ पर्यटन स्थलों की समुचित जानकारी दर्शकों को देने के लिए पर्याप्त मात्रा में छाया-चित्र प्रदर्शित किए जाएं। उन्होंने विशेष रूप से सिरपुर और राजिम कुंभ मेले से संबंधित भव्य छायाचित्र लगाने के निर्देश दिए। पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के स्टॉल में हर दिन स्कूली बच्चों की छत्तीसगढ़ के पर्यटन आकर्षणों एवं समृध्द संस्कृति से जुड़ी क्विज प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी और विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। उन्होंने राज्योत्सव के दौरान जिला मुख्यालयों में सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन की रूपरेखा तैयार करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।

brijmohan at rajyotsav 1 लोक निर्माण मंत्री श्री अग्रवाल ने राज्योत्सव की तैयारियों का जायजा लिया

brijmohan in agrasen jayanti1 300x225 समाजवाद व सहकारिता के प्रणेता थे महाराज अग्रसेन   बृजमोहनbrijmohan in agrasen jayanti2 300x225 समाजवाद व सहकारिता के प्रणेता थे महाराज अग्रसेन   बृजमोहनbrijmohan in agrasen 3 300x225 समाजवाद व सहकारिता के प्रणेता थे महाराज अग्रसेन   बृजमोहन

रायपुर 08 अक्टूबर 2010. महाराजा अग्रसेन समाजवाद के प्रथम प्रणेता थे, अग्रोहा में महाराजा अग्रसेन ने एक रूपया – एक ईट का सिद्धांत चलाया था, उन्हीं का अनुकरण करके हमने अपने छत्तीसगढ़ में महाराजा अग्रसेन की स्मृति में दो लाख रूपये का राष्ट्रीय समरसता पुरस्कार की घोषणा की है।महाराजा अग्रसेन ने जिस प्रकार 18 यज्ञ बिना पशु बली के पूर्ण किए हैं उसी का अनुकरण करके हमारे राज्य में एक भी बूचड़खाना नहीं है। आज का दिन संकल्प का दिन है कि महाराजा अग्रसेन के सिद्धान्तों पर ही चलें।उक्ताशय के विचार प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने महाराजा अग्रसेन सेवा संघ द्वारा राउरकेला में आयोजित अग्रसेन जयंती समारोह के अवसर पर लोगों को संबोधित करते हुए व्यक्त किये ।

अग्रोहा के साथ महाराजा अग्रसेन का नाम गहन रूप से सम्बद्ध है। वे अग्रोहा राज्य के संस्थापक ही नहीं, अपितु उन महान विभूतियों में थे, जो अपने सर्वजनहिताय कृत्यों द्वारा युग-युग तक अमर हो जाते हैं।

महाराजा अग्रसेन हजारों वर्ष पूर्व उत्पन्न हुए, किन्तु आज भी वे अपनी प्रजावत्सलता, धार्मिकता, न्याय, दानशीलता, लोकोपकारी प्रवृतियों और श्रेष्ठ आदर्शो के कारण अमर हैं। इस प्रगतिशील एवं विश्वबंधुत्व की भावना से ओतप्रोत वैज्ञानिक युग में विकसित शासन प्रणालियां भी नवगंतुक को एक ईट और एक रूपया देकर अपने ही समान बना लेने की शासन प्रणाली को विकसित करने में सक्षम नहीं हो सकी हैं, जबकि उस युग में महाराजा अग्रसेन ने सहकारिता और समता के आधार पर भेदभाव रहित एक आदर्श, समाज और राज्य की रचना कर इतिहास में अपना गौरवान्वित स्थान बनाने में सफलता प्राप्त की है।

अधिकांश प्राचीन महापुरूषों का अवतरण, अस्तित्व और उनका कार्यकाल ऐतिहासिक प्रमाणों एवं तथ्यों के अभाव में विवादास्पद रहता आया है। खेद है कि प्राचीन भारत में इतिहास लेखन की क्रमबद्ध परंपरा के न होने एवं विदेशी आक्रांताओं द्वारा इतिहास की अधिकांश सामग्री नष्ट अथवा क्षतविक्षत कर दिए जाने के कारण अनेक अमूल्य तथ्य नष्ट हो गए अथवा उपलब्ध नहीं है। ऐसी स्थिति में पुरातत्व अवशेषों, लोकगाथाओं, जनश्रृतियों और किवंदतियों के द्वारा जो जानकारी प्राप्त होती, उसी के माध्यम से महापुरूषों के जीवन, कार्यो उपलब्धियों आदि का मूल्यांकन संभव होता है। आधुनिक मूल्यों, प्रश्नों और आवश्यकताओं की कसौटी पर परखेें तो यही सिद्ध होगा कि महाराजा अग्रसेन के आदर्श इस युग के लिए समचीन हैं।

कृषक जीवन, श्रम महिमा, शोषण-विहिन समाज, पशुबलि विरोध, ऊंच-नीच के भेदभावों के उन्मूलन, नारी चेतना, अनेकता में एकता आदि के आधार पर महाराजा अग्रसेन ने अपने गणराज्य में समाजवादी व्यवस्था की स्थापना की ।

brij mohan with jagat prakash nadda1 300x188  श्री जगतप्रकाश नड्डा एवं बृजमोहन अग्रवाल सौजन्य भेंट.brij mohan with jagat prakash nadda2 300x208  श्री जगतप्रकाश नड्डा एवं बृजमोहन अग्रवाल सौजन्य भेंट.

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री एवं छत्तीसगढ़ प्रभारी जगतप्रकाश नड्डा प्रदेश के लोकनिर्माण एवं स्कूल शिक्षा मंत्री बृजमोहन अग्रवाल के शंकर नगर स्थित आवास पर पहुचे श्री अग्रवाल ने पुष्प गुच्छ भेंट कर उनका स्वागत किया.

brij mohan addressing party workers in champaran1 150x150 परिस्थिति के आधार पर रणनीति बनाएः बृजमोहनचंपारण में भाजपा का प्रशिक्षण शिविर रायपुर 6 अक्टूबर 10 / अन्यायी अत्याचारी शासक को मिटाने के लिए सब कुछ जायज है । जातिगत राजनीति न कर चुनाव जीतने के लिए समाज के हर वर्ग को जोडना पड़ेगा। परिस्थिति के आधार पर रणनीति बनाएं तो असंभव को भी संभव बनाया जा सकता है । उक्ताशय के विचार लोक निर्माण मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने व्यक्त किए ।

श्री अग्रवाल चंपारण में आयोजित महासमुंद भाजपा के तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के सप्तम सत्र में चुनाव प्रबंधन विषय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे । उन्होंने कहा कि नारे, झंडे, बैनर लगाना चुनाव नहीं है, बल्कि पार्टी के नाराज कार्यकर्ताओं का एकजुट करना समाज में यह संदेश जाना चाहिए कि पार्टी में कितना भी मतभेद हो पर चुनाव के समय सब एक है और एकता में ही ताकत है । कार्यकर्ता को उसकी रूचि के अनुसार काम पर लगाना चाहिए । ईमानदारी से काम कर तामझाम ज्यादा दिखावा न करे कम साधन में ज्यादा काम हो यह प्रयास करना चाहिए ।

श्री अग्रवाल ने कहा कि अन्यायी अत्याचारी शासक को मिटाने के लिए सब कुछ जायज है । चुनाव के छः माह पूर्व से उस क्षेत्र की बुथवार जानकारी इकट्ठी करें, प्रत्येक बुथ की जानकारी व उस क्षेत्र की समस्या का भली भांति अध्ययन कर लें और जब इस समस्या को चुनाव के दौरान भाषण के माध्यम से उठाने एवं जनता के आशीर्वाद मिलने पर समाधान करने की बात कहने पर जनता हमारे साथ होगी । उन्होंने कहा कि हर गरीब की झोपड़ी में दिया जलना चाहिए । इस गरीब को उपर उठाने देश के समस्त बुद्धिजीवी लोग भी सरकार की सेवा में लगे है । सभी के जीवन में खुशहाली आए यही रामराज्य है ।

इस अवसर पर प्रदेश संगठन मंत्री रामप्रताप जी, प्रदेश भाजपा अध्यक्ष रामसैवक पैकरा, सांसद चन्दूलाल, शिवरतन शर्मा, अशोक बजाज, बनवारी लाल अग्रवाल, शंकर अग्रवाल सहित अन्य भाजपा पदाधिकारी उपस्थित थे ।

brijmohan in a trainig programme at champaran 300x186 परिस्थिति के आधार पर रणनीति बनाएः बृजमोहन

14 दिवसीय राजीम कुंभ का समापन आज

शंकराचार्य निश्चलानंद जी का पावन सानिध्य और राज्यपाल शेखर दत्त होंगे मुख्य अतिथि शाही स्नान के पूर्व अखाड़ों ने शस्त्र-निशानों [...]

सर्वधर्म-समभाव का संदेश देता राजिम कुंभ – बृजमोहन

रायपुर/18/02/2012/संस्कृति मंत्री बृजमोहन अग्रवाल से उनके शंकर स्थित निवास पर मुलाकात कर आज सामाजिक कार्यकर्ता रेहाना खान के नेतृत्व में [...]

तीसरा पर्व स्नान, हजारों ने त्रिवेणी मे डुबकी लगा पुण्य लाभ कमाया

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देर रात तक बांधे रखा स्थानीय कलाकारों और चंदन दास के भजनो ने रायपुर 16-2-2012। ’राजिम कुंभ’ 2012 का तीसरा [...]

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